📢 नवीनतम अपडेट 2026: मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान (CM-YUVA) के लिए ऑनलाइन पंजीकरण प्रारंभ हो चुके हैं। आवेदन करने हेतु कृपया पूरी जानकारी पढ़ें। पोर्टल लिंक यहाँ है →

मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान (CM-YUVA Yojana)

उत्तर प्रदेश सरकार की ब्याज-मुक्त ऋण योजना के माध्यम से स्वरोजगार और उद्यमिता विकास का सबसे विस्तृत व संपूर्ण गाइड

10,00,000
युवा उद्यमियों का लक्ष्य (10 वर्ष)
₹5,00,000
तक 100% ब्याज-मुक्त ऋण (Phase-1)
10%
मार्जिन मनी अनुदान सब्सिडी
4 वर्ष
पुनर्भुगतान (Repayment) अवधि

1. मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान (CM-YUVA) क्या है?

उत्तर प्रदेश सरकार के एमएसएमई (MSME) विभाग द्वारा शुरू की गई मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान (CM-YUVA Yojana) एक मील का पत्थर साबित होने वाली योजना है। इसका मुख्य उद्देश्य राज्य के शिक्षित एवं प्रशिक्षित युवाओं को नए सूक्ष्म उद्यम (Micro Enterprises) स्थापित करने के लिए आर्थिक संसाधन उपलब्ध कराना है। इस महत्वाकांक्षी योजना का मुख्य लक्ष्य प्रति वर्ष 1 लाख युवाओं को उद्यमिता की राह पर लाना है, जिससे आगामी 10 वर्षों में राज्य में 10 लाख प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर सृजित हो सकें।

पारंपरिक रोजगार के सीमित अवसरों को देखते हुए, उत्तर प्रदेश शासन का ध्यान अब युवाओं को नौकरी चाहने वाले (Job Seekers) के बजाय नौकरी देने वाले (Job Providers) बनाने पर केंद्रित है। योजना के माध्यम से ग्रामीण और शहरी—दोनों क्षेत्रों में उद्योगों एवं सेवा क्षेत्र की इकाइयों को बढ़ावा दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान के तहत मिलने वाला ऋण पूरी तरह से कोलेटरल-फ्री (Collateral-Free/बिना गारंटी) और ब्याज-मुक्त (Interest-Free) है, जो इसे भारत की सबसे उत्कृष्ट स्वरोजगार योजनाओं में से एक बनाता है।

योजना की पृष्ठभूमि और आवश्यकता

उत्तर प्रदेश देश की सबसे अधिक युवा आबादी वाला राज्य है। बड़ी संख्या में युवा तकनीकी और व्यावसायिक प्रशिक्षण तो प्राप्त कर लेते हैं, लेकिन पूंजी के अभाव में वे अपने स्वयं के व्यवसाय शुरू करने में असमर्थ रहते हैं। बैंक लोन लेने के लिए गारंटी और संपत्ति की मांग करते हैं, जिससे गरीब और मध्यमवर्गीय युवाओं को लोन मिलना बेहद कठिन हो जाता है। इसी कमी को दूर करने के लिए माननीय मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ जी के कुशल नेतृत्व में मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान का शुभारंभ किया गया है, ताकि कोई भी योग्य युवा केवल वित्तीय संकट के कारण अपना उद्यम शुरू करने से वंचित न रह सके।

2. योजना का वित्तीय ढांचा और ऋण संरचना (Phase-1 & Phase-2)

मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान (CM-YUVA) को दो चरणों में वर्गीकृत किया गया है ताकि उद्यमों की स्थिरता और विकास सुनिश्चित किया जा सके:

प्रथम चरण (Phase-1): नया उद्योग शुरू करने हेतु

प्रथम चरण में नए सूक्ष्म उद्यम की स्थापना के लिए अधिकतम ₹10 लाख तक की वित्तीय सहायता (Composite Loan) दी जाती. है। इस वित्तीय ढांचे की मुख्य विशेषताएं निम्नलिखित हैं:

  • ब्याज मुक्त सीमा: कुल ऋण में से पहले ₹5,00,000 (पांच लाख रुपए) तक की राशि पर 100% ब्याज छूट (Interest Subsidy) प्रदान की जाती है। अर्थात, इस सीमा तक प्राप्त ऋण पर लाभार्थी को कोई ब्याज नहीं देना होता।
  • ऋण का प्रकार: यह एक कंपोजिट लोन (Composite Loan) होता है, जिसमें सावधि ऋण (Term Loan) और कार्यशील पूंजी (Working Capital) दोनों शामिल होते हैं।
  • मार्जिन मनी अनुदान: सरकार कुल परियोजना लागत (Project Cost) पर 10% की दर से मार्जिन मनी अनुदान (अधिकतम ₹50,000) स्वीकृत करती है, जो सीधे बैंक को लाभार्थी के मार्जिन मनी में कमी के रूप में मिलती है।

द्वितीय चरण (Phase-2): स्थापित उद्यम के विस्तार हेतु

जिन युवा उद्यमियों ने प्रथम चरण के तहत प्राप्त ऋण को निर्धारित समय सीमा के भीतर (4 वर्ष) बिना किसी डिफॉल्ट के सफलतापूर्वक चुका दिया है, वे अपने व्यवसाय के आधुनिकीकरण एवं विस्तार के लिए दूसरे चरण हेतु पात्र होंगे:

  • अधिकतम ऋण सीमा: चरण-2 में परियोजना विस्तार के लिए अधिकतम ₹20 लाख तक का ऋण प्रदान किया जाता है।
  • ब्याज सब्सिडी और नियम: द्वितीय चरण में मार्जिन मनी अनुदान देय नहीं होता है, लेकिन बैंकों द्वारा लगाए जाने वाले ब्याज पर आकर्षक सब्सिडी के प्रावधान लागू होते हैं, जिनकी जानकारी समय-समय पर विभागीय शासनादेशों से मिलती है।

3. विस्तृत पात्रता मानदंड (Detailed Eligibility Criteria)

CM-YUVA योजना का लाभ लेने के लिए आवेदकों को निम्नलिखित कड़े पात्रता मानदंडों को पूरा करना होगा:

निवास एवं आयु सीमा

आवेदक उत्तर प्रदेश का मूल निवासी (Domicile Holder) होना चाहिए। योजना का लाभ केवल व्यक्तिगत उद्यमियों (Proprietorship) को ही मिलता है। आयु सीमा 21 वर्ष से 40 वर्ष के बीच होनी चाहिए।

शैक्षिक एवं कौशल विकास योग्यता

आवेदक का न्यूनतम कक्षा 8 पास होना आवश्यक है। साथ ही सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त प्रशिक्षण कार्यक्रमों जैसे ODOP (एक जनपद एक उत्पाद), विश्वकर्मा श्रम सम्मान योजना, UPSDM, ITI, पॉलिटेक्निक या अन्य सरकारी कौशल विकास प्रमाणपत्र होना अनिवार्य है।

पूर्व ऋण राहत और अपवाद

आवेदक ने पूर्व में केंद्र या राज्य सरकार की किसी अन्य स्वरोजगार अनुदान योजना (जैसे PMEGP, मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना) का लाभ न लिया हो। हालांकि, PM SVANidhi (पीएम स्वनिधि) योजना के लाभार्थियों को इसमें छूट दी गई है, वे भी आवेदन कर सकते हैं।

📊 पात्रता और वित्तीय सहायता कैलकुलेटर

अपनी जानकारी भरकर तुरंत जानें कि आपको कितना ब्याज-मुक्त ऋण व मार्जिन मनी सब्सिडी मिल सकती है।






₹5,00,000

✅ आप इस योजना के लिए पूर्ण पात्र हैं!
अधिकतम स्वीकृत ऋण
₹5,00,000
100% ब्याज-मुक्त भाग
₹5,00,000
मार्जिन मनी सब्सिडी (10%)
₹50,000
स्वयं का अंशदान (Own Contribution)
₹75,000
CGTMSE गारंटी कवर अवधि
4 वर्ष तक पूर्ण निःशुल्क

4. स्वयं का अंशदान एवं मार्जिन मनी अनुदान का विवरण

योजना के अंतर्गत वित्तीय सहायता प्राप्त करने के लिए आवेदक को स्वयं का कुछ अंशदान (Own Contribution) लगाना होता है। यह अंशदान Front-Ended होता है, जिसका अर्थ है कि लोन स्वीकृत होने और बैंक द्वारा वितरित होने से पहले उद्यमी को अपने स्वयं के हिस्से का योगदान बैंक खाते में जमा करना आवश्यक है। श्रेणीवार अंशदान निम्नानुसार तय किया गया है:

सामाजिक/क्षेत्रीय श्रेणी (Category) स्वयं का अंशदान दर (%) मार्जिन मनी अनुदान दर (%)
सामान्य वर्ग (General) 15% 10% (अधिकतम ₹50,000)
अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) 12.5% 10% (अधिकतम ₹50,000)
SC/ST, दिव्यांग, महिलाएं, बुंदेलखंड/पूर्वांचल क्षेत्र 10% 10% (अधिकतम ₹50,000)

मार्जिन मनी अनुदान का दावा: योजना के अंतर्गत बैंकों को सूचित कर मार्जिन मनी क्लेम सीधे ऑनलाइन जिला उद्योग केंद्र (DIEPC) को भेजा जाता है। स्वीकृत होने पर अनुदान की राशि लाभार्थी के ऋण खाते में स्थानांतरित कर दी जाती है।

5. बिना गारंटी लोन और CGTMSE क्रेडिट कवर की विशेषताएं

आमतौर पर युवा उद्यमियों के पास बैंक को गिरवी रखने के लिए कोई संपत्ति (Collateral Security) नहीं होती। इस समस्या का समाधान करने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार ने घोषणा की है कि मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान के तहत दिए जाने वाले सभी ऋण CGTMSE (Credit Guarantee Fund Trust for Micro and Small Enterprises) योजना से आवृत होंगे।

इसके अंतर्गत बैंक को ऋण की वसूली के प्रति आश्वस्त करने के लिए भारत सरकार का CGTMSE ट्रस्ट गारंटी प्रदान करता है। इसका सबसे बड़ा लाभ यह है कि:

  • कोई गारंटी आवश्यक नहीं: आवेदक को किसी भी प्रकार की कोलेटरल सिक्योरिटी, संपत्ति के दस्तावेज या किसी तीसरे पक्ष की व्यक्तिगत गारंटी देने की आवश्यकता नहीं है।
  • गारंटी शुल्क का वहन: सामान्यतः CGTMSE के लिए 1% से 2% तक का वार्षिक गारंटी शुल्क देना होता है। लेकिन CM-YUVA योजना के पहले चरण में 4 वर्ष तक का CGTMSE शुल्क पूर्ण रूप से राज्य सरकार द्वारा वहन या बैंक को रीइम्बर्स किया जाएगा। चरण-2 में यह सहायता पहले 3 वर्षों तक लागू रहती है।

📋 आवश्यक दस्तावेज़ों की चेकलिस्ट (Interactive Checklist)

यदि आपके पास नीचे दिए गए दस्तावेज तैयार हैं, तो उन्हें टिक करें और अपनी फाइल की पूर्णता प्रतिशत देखें।

दस्तावेज़ पूर्णता:
0% Ready








6. योजना के अंतर्गत स्वीकृत एवं निषिद्ध गतिविधियाँ (Negative List)

स्वरोजगार को सही दिशा देने और पर्यावरण संरक्षण को ध्यान में रखते हुए उत्तर प्रदेश सरकार ने इस ऋण योजना के अंतर्गत योग्य व्यवसायों की एक विस्तृत रूपरेखा तैयार की है:

✅ योजना के अंतर्गत स्वीकृत व्यवसाय

  • विनिर्माण (Manufacturing): हस्तशिल्प, कपड़ा सिलाई, मसाला पिसाई, बेकरी, कृषि उपकरण निर्माण, चमड़े का सामान, खिलौने बनाना।
  • सेवा इकाइयां (Service Units): कंप्यूटर सेंटर, जनसेवा केंद्र, ऑटोमोबाइल गैरेज, मोबाइल रिपेयर शॉप, ब्यूटी पार्लर, कैटरिंग सेवाएं।
  • खुदरा व्यापार (Micro Trade): स्थानीय किराना दुकान, जनरल स्टोर, कपड़ा व्यापार, इलेक्ट्रिकल एवं हार्डवेयर रिटेल आदि।

❌ प्रतिबंधित गतिविधियां (Negative List)

  • तंबाकू, गुटखा, सिगरेट एवं नशीले पेय पदार्थों का निर्माण एवं बिक्री।
  • पटाखा, बारूद अथवा अत्यधिक ज्वलनशील रासायनिक पदार्थों का निर्माण।
  • 40 माइक्रोन से कम मोटाई के सिंगल यूज़ प्लास्टिक बैग या पर्यावरण को हानि पहुंचाने वाली सामग्रियां।
  • परियोजना लागत में किसी भी प्रकार की भूमि या पक्के व्यावसायिक भवन की खरीद लागत शामिल नहीं की जा सकती।

7. ऑनलाइन आवेदन कैसे करें? (Step-by-Step Registration Guide)

मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान (CM-YUVA) के लिए ऑनलाइन आवेदन करने की विस्तृत प्रक्रिया निम्नलिखित है:

1

दस्तावेज़ों का संकलन एवं Udyam पंजीकरण

सबसे पहले आवश्यक दस्तावेजों की सॉफ्ट कॉपी तैयार करें। भारत सरकार के आधिकारिक MSME पोर्टल पर जाकर अपना Udyam Registration निःशुल्क प्राप्त करें। बिना उद्यम पंजीकरण संख्या के आवेदन आगे नहीं बढ़ाया जा सकता।

2

विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) तैयार करना

किसी प्रमाणित चार्टर्ड अकाउंटेंट (CA) या वित्तीय विशेषज्ञ के सहयोग से अपने प्रोजेक्ट की रिपोर्ट बनाएं। इसमें अचल संपत्ति, मशीनरी की खरीद, कच्चा माल और वर्किंग कैपिटल का पूरा तकनीकी व वित्तीय विवरण होना चाहिए।

3

आधिकारिक पोर्टल पर लॉगिन एवं फॉर्म फिलिंग

उत्तर प्रदेश उद्योग विभाग के आधिकारिक मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान पोर्टल पर जाएँ। वहां नया उपयोगकर्ता पंजीकरण करके लॉग इन करें, आवेदन पत्र में व्यक्तिगत, शैक्षिक, कौशल और वित्तीय जानकारी सही-सही दर्ज करें।

4

सत्यापन, बैंक प्रेषण एवं ऋण वितरण

आवेदन जमा होने के बाद, जिला उद्योग एवं उद्यम प्रोत्साहन केंद्र (DIEPC) के अधिकारी इसकी स्क्रूटनी करेंगे। सब कुछ सही होने पर फ़ाइल आपके द्वारा चयनित बैंक को भेज दी जाएगी। बैंक द्वारा दस्तावेज़ सत्यापन के बाद ऋण स्वीकृत कर वितरण की कार्रवाई शुरू की जाएगी।

8. अन्य स्वरोजगार योजनाओं से तुलना (PMEGP vs MYUY vs CM-YUVA)

युवाओं के मन में अक्सर यह शंका रहती है कि वे किस योजना का चयन करें। यहाँ उत्तर प्रदेश में चलने वाली प्रमुख सरकारी स्वरोजगार योजनाओं की एक तुलनात्मक तालिका दी गई है:

मानदंड CM-YUVA योजना PMEGP (केंद्र सरकार) मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना
अधिकतम लोन राशि ₹10 लाख (Phase-1), ₹20 लाख (Phase-2) ₹50 लाख (विनिर्माण), ₹20 लाख (सेवा) ₹25 लाख (विनिर्माण), ₹10 लाख (सेवा)
ब्याज दर पहले ₹5 लाख तक 100% ब्याज-मुक्त सामान्य बैंक ब्याज दरें लागू सामान्य बैंक ब्याज दरें लागू
सरकारी अनुदान (Subsidy) 10% मार्जिन मनी सब्सिडी 15% से 35% तक सब्सिडी 25% मार्जिन मनी सब्सिडी
कोलेटरल सिक्योरिटी आवश्यक नहीं (CGTMSE कवर्ड) ₹10 लाख तक कोलेटरल-फ्री कोलेटरल-फ्री (बैंक नियमों के अधीन)

9. अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ – Frequently Asked Questions)

क्या CM-YUVA योजना का लोन सचमुच ब्याज मुक्त है?
हाँ, मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान के प्रथम चरण में परियोजना लागत के पहले ₹5 लाख तक के लोन हिस्से पर 100% ब्याज-मुक्त सुविधा है। इससे ऊपर (5 लाख से 10 लाख तक) के हिस्से पर बैंक के सामान्य नियमों के अनुसार ब्याज लागू होता है।
क्या इस योजना के लिए कोई कोलेटरल सिक्योरिटी (गारंटी) देनी होती है?
नहीं, इस योजना में किसी भी प्रकार की कोलेटरल सिक्योरिटी की आवश्यकता नहीं है। सभी खाते राज्य सरकार द्वारा प्रायोजित CGTMSE (Credit Guarantee Fund Trust) योजना से आवृत होते हैं, जिसका शुल्क भी सरकार वहन करती है।
कौशल प्रशिक्षण का प्रमाणपत्र होना क्यों अनिवार्य है?
चूंकि यह योजना केवल उन युवाओं को समर्थन देती है जो व्यवसाय को सुचारू रूप से चलाने में सक्षम हों, इसलिए किसी मान्यता प्राप्त कौशल विकास योजना (ODOP, विश्वकर्मा योजना, UPSDM, ITI, Polytechnic आदि) से प्रशिक्षण प्राप्त होना आवश्यक है।
ऋण की चुकौती (Repayment) अवधि और मोरैटोरियम अवधि कितनी है?
ऋण की कुल पुनर्भुगतान अवधि 4 वर्ष (मोरैटोरियम सहित) निर्धारित की गई है। व्यवसाय को सेट करने के लिए बैंक द्वारा अधिकतम 6 माह की मोरैटोरियम (छूट) अवधि दी जाती है।
क्या महिलाएं और दिव्यांग भी इस योजना में आवेदन कर सकते हैं?
हाँ, महिला उद्यमियों, दिव्यांगों और अनुसूचित जाति/जनजाति के अभ्यर्थियों को विशेष छूट दी गई है। उनके लिए आवश्यक स्वयं का योगदान मात्र 10% है।
क्या मैं इस योजना के लोन से दुकान या व्यापार शुरू कर सकता हूँ?
हाँ, मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान के अंतर्गत सूक्ष्म खुदरा व्यापार (Micro Trade) और व्यावसायिक गतिविधियां शामिल हैं, बशर्ते वे प्रतिबंधित वस्तुओं (जैसे तंबाकू, प्लास्टिक बैग) की श्रेणी में न आती हों।
यदि मेरी उम्र 42 वर्ष है, तो क्या मैं आवेदन कर सकता हूँ?
नहीं, योजना के तहत आयु सीमा सख्त रूप से 21 से 40 वर्ष के मध्य होनी चाहिए। 40 वर्ष से अधिक आयु के लोग इसके पात्र नहीं हैं।
क्या Udyam रजिस्ट्रेशन कराना बिल्कुल अनिवार्य है?
हाँ, MSME उद्यम पंजीकरण नंबर होना पूरी तरह अनिवार्य है। आवेदन पत्र भरते समय उद्यम पंजीकरण संख्या दर्ज करना आवश्यक होता है।
मार्जिन मनी सब्सिडी हमारे खाते में कब और कैसे आती है?
ऋण के प्रथम वितरण के पश्चात, बैंक द्वारा ऑनलाइन मार्जिन मनी सब्सिडी का क्लेम जिला उद्योग केंद्र को भेजा जाता है। क्लेम स्वीकृत होने पर सब्सिडी की 10% राशि बैंक द्वारा आपके ऋण खाते में क्रेडिट कर दी जाती है।
क्या पूर्व में अन्य ऋण योजना का लाभ लेने वाले इसके पात्र हैं?
यदि आवेदक ने केंद्र या राज्य सरकार की किसी अन्य अनुदान-युक्त स्वरोजगार योजना का लाभ लिया है, तो वह अपात्र होगा। लेकिन PM SVANidhi (पीएम स्वनिधि) योजना के लाभार्थी इसके अपवाद हैं, वे इस योजना के लिए पात्र हैं।

10. हेल्पलाइन, संपर्क सूत्र एवं आधिकारिक लिंक्स

मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान से संबंधित किसी भी पूछताछ, शिकायत अथवा मार्गदर्शन के लिए आप अपने जिले के जिला उद्योग एवं उद्यम प्रोत्साहन केंद्र (DIEPC) से संपर्क कर सकते हैं। इसके अतिरिक्त निम्नलिखित हेल्पलाइन नंबरों और आधिकारिक पोर्टल्स पर भी सहायता ली जा सकती है:

  • 📞 CM-YUVA आधिकारिक हेल्पलाइन: +91 9129-9871-11
  • 📞 ODOP टोल-फ्री नंबर: 1800-1800-888
  • 🌐 आधिकारिक आवेदन पोर्टल: msme.cmyuva.org.in/support
  • 🌐 उत्तर प्रदेश उद्योग विभाग: diupmsme.upsdc.gov.in